Intraday trading me kitne log profit karte hain, यह सवाल हर नए trader के मन में आता है।
छोटा जवाब: SEBI की जुलाई 2024 की study में FY23 के लगभग 71% individual intraday traders को पूरे साल का net loss हुआ।
यह equity cash segment का आंकड़ा है। बाकी लगभग 29% को loss नहीं हुआ।
इस लेख में हम हर study का साल, segment और दायरा अलग-अलग देखेंगे।
फिर समझेंगे कि लोग क्यों हारते हैं, कुछ लोग क्या अलग करते हैं और इन आंकड़ों को कैसे पढ़ें।
Intraday Trading में कितने लोग Profit बनाते हैं? जानिए SEBI Data का सच
SEBI की studies अलग-अलग साल और segment पर हैं। इसलिए हर आंकड़ा उसके दायरे के साथ पढ़ना ज़रूरी है।
नीचे पहले सबसे बड़े आंकड़े हैं, फिर 29% का असली मतलब।
Intraday Trading में कितने प्रतिशत लोग Loss करते हैं?
पहले मुख्य आंकड़े देखिए। हर आंकड़े के साथ उसका दायरा भी पढ़िए।
- Equity cash intraday, FY23: SEBI की study के मुताबिक लगभग 71% individual intraday traders को net loss हुआ।
- Equity F&O, FY25: SEBI की जुलाई 2025 की study में 91% से ज़्यादा individual traders को net loss हुआ।
- Equity derivatives, FY26: अगस्त 2026 की study में लगभग 87.7% individual traders को net loss हुआ।
इनमें से कोई भी आंकड़ा “भारत के सभी traders” का नहीं है। हर study एक खास segment, एक खास साल और कुछ चुने हुए brokers के clients पर है।
इसलिए इन्हें जोड़कर एक आंकड़ा मत बनाइए। आगे हम हर study को अलग से खोलेंगे।
Intraday Trading Me Kitne Log Profit Krte Hain
SEBI के अनुसार FY23 में लगभग 71% को net loss हुआ। बाकी लगभग 29% को loss नहीं हुआ।

पर ये 29% सब कमाने वाले traders नहीं हैं। इनमें बराबरी वाले भी हो सकते हैं।
SEBI Intraday Study: क्या सच में 90% ट्रेडर्स पैसा गंवाते हैं?
यह study 24 जुलाई 2024 को आई। इसने FY23 (2022-23) के equity cash segment में individual intraday traders को देखा।
नमूना top 10 brokers के individual clients का था। ये उस साल cash segment के लगभग 86% individual clients थे।
तुलना के लिए study ने FY19 और FY22 के आंकड़े भी लिए।
मुख्य नतीजे ये रहे:
- लगभग 71% traders को net loss हुआ।
- साल में 500 से ज़्यादा trades करने वालों में loss-makers का हिस्सा 80% था।
- 30 साल से कम उम्र के traders में यह हिस्सा 76% था।
- Loss वालों ने profit वालों से औसतन ज़्यादा trades किए।
Cash segment के हर तीन individuals में से लगभग एक intraday करता है।
Outlook Money की रिपोर्ट के अनुसार, ₹1 करोड़ से ज़्यादा सालाना intraday turnover वाले group में भी 76% को loss हुआ।
यह आंकड़ा एक ही रिपोर्ट से है, इसलिए इसे SEBI के मूल दस्तावेज़ से मिला लीजिए।
Intraday Trading Loss Meaning: इंट्राडे ट्रेडिंग में नुकसान का क्या अर्थ है?
इन studies में loss का मतलब पूरे साल का हिसाब है। यानी साल भर के सारे profit और loss जोड़ने के बाद नतीजा नेगेटिव आया।
यह किसी एक trade या एक दिन की बात नहीं है। एक trader कई दिन जीतकर भी साल के अंत में loss में हो सकता है।
F&O वाली studies transaction costs के बाद का नतीजा गिनती हैं। जुलाई 2025 की study में ₹1,05,603 करोड़ का net loss costs के बाद का है। यह Business Standard की रिपोर्ट है।
Intraday study ने costs अलग से बताईं। Loss वालों ने अपने loss का 57% अतिरिक्त costs पर खर्च किया। Profit वालों ने अपने profit का 19%।
71% का आंकड़ा costs के बाद है या पहले, यह SEBI की रिपोर्ट में देखकर पक्का कीजिए।
SEBI Intraday & F&O Studies Data
यह table पांच studies को साल और दायरे के साथ दिखाती है। हर पंक्ति एक अलग study है।
| Study कब आई | Segment और साल | दायरा | मुख्य नतीजा |
|---|---|---|---|
| जनवरी 2023 | Equity F&O, FY22 | Top 10 brokers के individual clients, उस साल के individual F&O turnover का लगभग 67% | 89% को loss, औसत loss ₹1.1 लाख। 11% को profit, औसत profit ₹1.5 लाख |
| जुलाई 2024 | Equity cash, intraday, FY23 | Top 10 brokers के individual clients, लगभग 86% individual clients | लगभग 71% को net loss |
| सितंबर 2024 | Equity F&O, FY22 से FY24 (तीन साल मिलाकर) | Individual traders | 93% को loss, कुल loss ₹1.8 लाख करोड़ से ज़्यादा |
| जुलाई 2025 | Equity F&O, FY25 | Individual traders, top 13 brokers | 91% से ज़्यादा को loss, net loss ₹1,05,603 करोड़ (costs के बाद) |
| अगस्त 2026 | Equity derivatives, FY26 | Individual traders, top 15 brokers (लगभग 90% participants) | लगभग 87.7% को loss, कुल loss ₹91,685 करोड़ |
स्रोत: Business Standard (जनवरी 2023, जुलाई 2024, जुलाई 2025), Motilal Oswal Learning Centre, SEBI press release (सितंबर 2024), Taxmann, Business Today और Open Magazine (अगस्त 2026)।

एक सावधानी: जुलाई 2025 की study में FY25 का loss ₹1,05,603 करोड़ था, पर 2026 की study FY25 के लिए ₹1,11,788 करोड़ बताती है। नई study में आंकड़े संशोधित हुए लगते हैं।
इसलिए कुल रकम हमेशा study का साल और नाम लिखकर ही बोलिए।
F&O Studies और Intraday Trading में क्या अंतर है?
ज़्यादा नहीं। यहां सबसे आम गलती होती है।
F&O studies futures और options के सारे individual traders पर हैं। उनमें intraday भी है और कई दिन चलने वाले trades भी। आंकड़ों में दोनों अलग नहीं हैं।
दूसरी तरफ जुलाई 2024 की study सिर्फ cash segment के intraday पर है। इसलिए “intraday में 93% हारते हैं” कहना गलत है।
93% F&O study का आंकड़ा है, और वह तीन साल का है।
FY26 की study में एक और बात दिखी। Open Magazine के अनुसार, लगातार दो साल loss वाले traders में से लगभग 90% तीसरे साल भी loss में रहे। ये वे थे जिन्होंने trading जारी रखी।
यह F&O का आंकड़ा है, intraday cash का नहीं।
Intraday Traders ज़्यादातर Loss क्यों करते हैं?
SEBI के आंकड़े बताते हैं कि क्या हुआ। “क्यों” के जवाब में कुछ बातें आंकड़ों से निकलती हैं और कुछ अनुभव से।
मैं दोनों का फर्क बताऊंगा। Basics से शुरू करना चाहते हैं? इस intraday trading in hindi guide से सीखें।
1. Costs हर trade पर लगते हैं
यह आंकड़ों से पक्का है। Intraday study में loss वालों के costs उनके loss का 57% थे। FY26 की F&O study में costs loss वालों के gross loss का 35% थे।
Brokerage, STT, exchange charges और GST हर trade पर कटते हैं, चाहे trade जीते या हारे।
2. बहुत ज़्यादा trades
यह भी आंकड़ों में दिखा। 500 से ज़्यादा trades वालों में 80% को loss हुआ। Loss वालों ने औसतन ज़्यादा trades किए।
ज़्यादा trade का मतलब है ज़्यादा costs और ज़्यादा गलतियों के मौके।
3. Stop loss का अभाव
यह अनुभव और जोखिम के गणित से आता है। SEBI की study ने stop loss को अलग से नहीं मापा।
बिना stop loss के एक बड़ा loss कई छोटे profits मिटा देता है। Gap के दिन यह जोखिम और बढ़ता है, इसलिए यह guide पढ़ें: गैप अप गैप डाउन क्या है।
4. Leverage का दबाव
Intraday में broker कम पैसे पर बड़ी position देता है। इससे हर चाल का असर बढ़ता है, profit का भी और loss का भी।
लीवरेज कैसे काम करता है पहले समझ लीजिए।
5. Emotions
Loss के बाद उसे जल्दी वापस पाने की कोशिश अनुभवी लोगों में भी दिखती है। इसे revenge trading कहते हैं।
यह आंकड़ों से नहीं, trading psychology के अनुभव से आता है। इसे एक कारण मानिए, मापा हुआ तथ्य नहीं।
ट्रेडिंग चार्जेस आपके प्रॉफिट को कैसे डूबा देते हैं?
अब एक छोटा हिसाब देखते हैं। यह सिर्फ समझाने के लिए बना उदाहरण है, किसी असली trader का नहीं।
मान लीजिए एक trader ने एक महीने में 100 trades किए। हर trade की कुल cost (brokerage, taxes, charges मिलाकर) औसतन ₹60 मान लेते हैं।
यह मान सिर्फ उदाहरण के लिए है। असली charges अपने broker की contract note से जांचिए।
| आइटम | हिसाब | रकम |
|---|---|---|
| Profit वाले trades | 52 trades × ₹400 | ₹20,800 |
| Loss वाले trades | 48 trades × ₹380 | ₹18,240 |
| Costs से पहले नतीजा | 20,800 − 18,240 | ₹2,560 |
| कुल costs | 100 trades × ₹60 | ₹6,000 |
| Costs के बाद नतीजा | 2,560 − 6,000 | −₹3,440 |
इस trader के 100 में से 52 trades सही निकले। फिर भी महीने के अंत में ₹3,440 का net loss हुआ।
वजह साफ है। हर trade पर औसतन सिर्फ ₹25.6 की कमाई थी और cost ₹60 थी।
अब देखिए कि trades की संख्या बढ़ने पर क्या होता है। मान लीजिए हर trade पर औसत कमाई ₹25 और cost ₹60 है।
| महीने के trades | Costs से पहले कमाई | कुल costs | Net नतीजा |
|---|---|---|---|
| 20 | ₹500 | ₹1,200 | −₹700 |
| 50 | ₹1,250 | ₹3,000 | −₹1,750 |
| 100 | ₹2,500 | ₹6,000 | −₹3,500 |
जब हर trade की औसत कमाई cost से कम हो, तो ज़्यादा trade करने से नुकसान और बढ़ता है।
जो थोड़े Traders Profit में रहते हैं, वे क्या अलग करते हैं?
अगर आप trading शुरू करने की सोच रहे हैं, तो यही सवाल आपके मन में होगा कि कुछ लोग टिके कैसे रहते हैं।
पहले ईमानदार बात: कोई secret formula नहीं है। SEBI की studies ने यह नहीं मापा कि profit वाले कौन सी strategy या indicator इस्तेमाल करते हैं।
आंकड़ों से बस इतना दिखता है कि profit वालों के trades कम थे। उनकी costs profit का छोटा हिस्सा थीं: 19%, जबकि loss वालों की 57%।
बाकी बातें जोखिम संभालने की सामान्य सीख हैं, प्रमाणित तथ्य नहीं। जैसे हर trade में जोखिम पहले से तय रखना, कम trades करना और रोज़ की loss सीमा बनाना।
इन आदतों को रोज़ की practice में कैसे उतारें, यह इस intraday trading tips in hindi guide से सीखें।
ध्यान रहे, ये आदतें profit की गारंटी नहीं हैं। ये सिर्फ हारने की रफ्तार घटाती हैं और सीखने का समय देती हैं।
सबसे ज़रूरी आदत है हर trade से पहले stop loss तय करना। इसका कदम-दर-कदम तरीका ट्रेडिंग में स्टॉप लॉस कैसे लगाएं में है।
SEBI Data: ये आंकड़े क्या छिपाते हैं?
यहां आकर कई लोग गलत नतीजे पर पहुंचते हैं। इसलिए पहले साफ कर लेते हैं कि data क्या कहता है और क्या नहीं।
SEBI ने यह भी नहीं मापा कि कौन सी strategy जीतती है। Strategy की बुनियाद समझनी हो, तो इस intraday trading strategy in hindi guide से सीखें।
| Data क्या कहता है | Data क्या नहीं कहता |
|---|---|
| FY23 में लगभग 71% intraday cash traders को साल का net loss हुआ | अभी या अगले साल की हालत क्या होगी |
| F&O में 87.7% से 93% तक को loss हुआ (अलग-अलग study और साल) | Intraday cash में भी यही हिस्सा है |
| Loss वालों ने औसतन ज़्यादा trades किए | कौन सी strategy जीतती है |
| बाकी traders को loss नहीं हुआ | वे सब कमाऊ या सफल हैं |
| नतीजे नमूने के clients के हैं | हर broker और हर trader का नतीजा यही होगा |
यानी data एक चेतावनी है, किस्मत की भविष्यवाणी नहीं। यह भी नहीं बताता कि कोई व्यक्ति सीखकर बेहतर नहीं हो सकता।
क्या इंट्राडे ट्रेडिंग सुरक्षित है?
इस सवाल का आंकड़ों वाला हिस्सा ऊपर है। जोखिम की पूरी तस्वीर, यानी capital, समय और मानसिक दबाव, क्या इंट्राडे ट्रेडिंग सुरक्षित है में अलग से समझाई है।
इन आंकड़ों को लोग कैसे गलत पढ़ते हैं?
ये पांच गलतियां सबसे आम हैं। इन्हें पहचान लीजिए।
- “71% हारते हैं, तो 29% कमाते हैं।” नहीं। 29% वे हैं जिन्हें loss नहीं हुआ। इनमें बराबरी वाले भी हो सकते हैं।
- “93% intraday trader हारते हैं।” यह F&O का तीन साल का आंकड़ा है, intraday cash का नहीं।
- “यह सारे traders का आंकड़ा है।” नहीं। नमूना चुने हुए brokers के individual clients का है।
- “Loss मतलब हर trade हारा।” Loss साल के अंत का जोड़ है। कई trades जीतकर भी जोड़ नेगेटिव आ सकता है।
- “पुराना आंकड़ा आज भी वैसा ही है।” FY23 का नतीजा आज की स्थिति नहीं बताता। नए नियम और बदला बाज़ार नतीजे बदल सकते हैं।
Beginner इन आंकड़ों का इस्तेमाल कैसे करें?
डरने के लिए नहीं, तैयारी के लिए। हर कदम छोटा रखिए, ताकि गलती सस्ती पड़े।
- पहले paper trading कीजिए और असली पैसा मत लगाइए। पेपर ट्रेडिंग कैसे करें में इसका तरीका है।
- शुरू में बहुत छोटी position रखिए। इतनी कि गलती सस्ती पड़े।
- रोज़ के trades की संख्या सीमित कीजिए। उदाहरण के लिए दिन में 2 या 3।
- रोज़ की loss सीमा लिखिए और छूते ही रुक जाइए।
- महीने के अंत में costs जोड़िए। देखिए कि कमाई का कितना हिस्सा costs में गया।
- हर trade journal में लिखिए।
ये कदम किसी के लिए profit की गारंटी नहीं हैं। ये आपको हारने की रफ्तार पर काबू देते हैं।
पहला trade लेने से पहले पूरा तरीका इस intraday trading kaise kare in hindi guide से सीखें।
क्या आप भी intraday trading सीखकर अपना पहला trade सही तरीके से लेना चाहते हैं?
सिर्फ videos देखकर strategy नहीं आती, असली charts पर practice और mentor के जवाब ही फर्क बनाते हैं।
हमारी live classes में आप अपने मोबाइल से जुड़ सकते हैं, सवाल पूछ सकते हैं और step by step सीख सकते हैं।
निष्कर्ष
SEBI की जुलाई 2024 की study में FY23 के लगभग 71% individual intraday cash traders को net loss हुआ। F&O की studies में नतीजे और खराब थे, 87.7% से 93% तक।
इन्हें जोड़िए मत। हर आंकड़े के साथ साल, segment और दायरा याद रखिए।
ज़्यादा trades और भारी costs हारने के सबसे साफ कारण दिखते हैं।
आज की अगली कार्रवाई: अपने आखिरी 20 trades की सूची बनाइए। हर trade की cost जोड़िए और देखिए कि costs के बाद नतीजा क्या रहा।
यह लेख सिर्फ शैक्षणिक जानकारी के लिए है। यह निवेश की सलाह नहीं है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Before investing capital, invest your time in learning Stock Market.
Fill in the basic details below and a callback will be arranged for more information:









